छात्रसंघ संग्राम में 2016 से एसबीपी कॉलेज पर कब्ज़ा किए बैठी बीपीवीएम को रोकने को अन्य दलों ने लगाया ऐड़ी-चोटी का जोर।

डूंगरपुर-प्रवेश जैन।
डूंगरपुर जिले में छात्र संघ चुनाव के तहत नामांकन प्रक्रिया पूरी होने के बाद अब कॉलेजों में स्थिति साफ़ हो गई है। जिले के सबसे बड़े एसबीपी कॉलेज में बीपीवीएम, एसएफआई, एबीवीपी व एनएसयूआई के बीच चतुष्कोणीय मुकाबला होगा। एसबीपी कॉलेज में वर्ष 2016 से बीपीवीएम का कब्जा रहता आया है और इस बार भी बीपीवीएम का पलड़ा भारी है। हालाकि अन्य छात्र संगठन बीपीवीएम के इस विजय रथ को रोकने के लिए एबीवीपी, एनएसयूआई और एसएफआई ऐड़ी चोटी का जोर लगा रहे है। दरअसल डूंगरपुर जिले में भी छात्रसंघ चुनाव के तहत 26 अगस्त को मतदान होना है। इधर छात्रसंघ चुनाव के तहत डूंगरपुर जिले के विभिन्न कालेजो में नामांकन प्रक्रिया पूरी होने के बाद स्थिति साफ़ हो गई है। डूंगरपुर जिले में कुल 6 राजकीय कालेजो में से पीठ संस्कृत कॉलेज व सीमलवाडा कॉलेज में भील प्रदेश विद्यार्थी मोर्चा (बीपीवीएम) अपना जीत का परचम फहरा चूका है। दोनों कालेजो में चारो पदों पर बीपीवीएम के उम्मीदवार निर्विरोध निर्वाचित हो चुके है। वही अब डूंगरपुर जिले के सबसे बड़े एसबीपी कॉलेज, विकेबी गर्ल्स कॉलेज, भीखाभाई सागवाडा कॉलेज व बिछीवाडा कॉलेज में 26 अगस्त को मतदान होगा।
दो कॉलेज में चतुष्कोणीय मुकाबला, एक में त्रिकोणीय और एक में होगा सीधा मुकाबला।
डूंगरपुर जिले के सबसे बड़े एसबीपी कॉलेज व वीर बाला कालीबाई कन्या महाविद्यालय में बीपीवीएम, एसएफआई, एबीवीपी व एनएसयूआई के बीच चतुष्कोणीय मुकाबला होगा तो वही सागवाडा भीखाभाई कॉलेज में बीपीवीएम, एबीवीपी व एनएसयूआई के बीच त्रिकोणीय मुकाबला होगा। इसके अलावा बिछीवाडा कॉलेज में बीपीवीएम व एनएसयूआई के बीच सभी पदों पर सीधा मुकाबला होगा।
एसबीपी कॉलेज पर 2016 से बीपीवीएम का कब्जा।
डूंगरपुर जिले में वर्ष 2016 से पहले एसबीपी कॉलेज में कभी एबीवीपी व कभी एनएसयूआई जीतती आई थी। लेकिन वर्ष 2016 में छात्रसंघ चुनाव में भील प्रदेश विद्यार्थी मोर्चा की एंट्री हुई। भील प्रदेश विद्यार्थी मोर्चा ने कॉलेज चुनाव में एसटी जाति का कार्ड खेला। नतीजा पहली ही बार मे भील प्रदेश विद्यार्थी मोर्चा ने जीत हासिल कर छात्र राजनीति को हिला कर रख दिया। वही वर्ष 2016 के बाद से भील प्रदेश विद्यार्थी मोर्चा का एसबीपी कॉलेज के कब्जा बरकरार रहा है। वही इस बार भी भील प्रदेश विद्यार्थी मोर्चा अपने द्वारा पिछले सालों में करवाये गए कार्यो व छात्रहितों से जुड़े मुद्दों को लेकर चुनावी मैदान में है और अपनी जीत को लेकर आश्वस्त है। 
बीपीवीएम को रोकने के लिए अन्य संगठन लगा रहे एड़ी चोटी का जोर।
इधर इस बार एसबीपी कॉलेज में भील प्रदेश विद्यार्थी मोर्चा (बीपीवीएम) के लगातार चले आ रहे विजय रथ को रोकने के लिए अन्य छात्र संगठन एबीवीपी, एनएसयूआई व एसएफआई पूरी एड़ी चोटी का जोर लगा रहे है। अन्य छात्र संगठन के नेताओं का कहना है कि छात्र राजनीत में जाति का कार्ड खेला जीत हासिल की लेकिन इतने सालों में बीपीवीएम कॉलेज व यहां के विद्यार्थियों का कोई विकास नही किया है। बहराल नामांकन प्रक्रिया पूरी होने के बाद सभी छात्र संगठन अपने-अपने चुनाव प्रचार में जुट गए है। वही छात्र संगठनों के नेता अपनी-अपनी जीत का दावा कर रहे है। खेर अब देखने वाली बात होगी की छात्रसंघ चुनाव में एसबीपी कॉलेज में क्या बीपीवीएम अपना विजय रथ बरकरार रखता है यहाँ अन्य छात्र संगठन इस विजय रथ को रोक पाते है।

एक टिप्पणी भेजें

0 टिप्पणियाँ

ARwebTrack