पूर्व मुख्यमंत्री वसुंधरा राजे ने गहलोत सरकार के बचे-कुचे दिन गिनाए।

चूरू ब्यूरो रिपोर्ट।
भाजपा की राष्ट्रीय उपाध्यक्ष और पूर्व सीएम भाजपा को 2003 में 120 और 2013 में 163 सीटे मिली थी अब हम सब मिलकर इस आँकड़े को भी पार करेंगे। वसुन्धरा राजे ने कहा है कि आचार संहिता को निकाल दो तो गहलोत सरकार के अब सिर्फ़ 350 दिन बचे हैं। लेकिन इसके लिए एकजुट होकर मेहनत करनी पड़ेगी।पूर्व सीएम राजे सोमवार को चूरु ज़िले के बंबू गाँव में पूर्व सरपंच स्व.भँवर लाल ज्यानी और समाज सेवी दयाला राम जी ज्यानी की मूर्ति अनावरण कार्यक्रम में बोल रही थी। उन्होंने कहा कि किसानो का 10 दिन में क़र्ज़ माफ़ करने का वादा करने वाली कांग्रेस के 10 दिन 4 साल में भी पूरे नहीं हुए। जनता के लिए कांग्रेस राज नहीं ना-राज है। उन्होंने कहा कि जनता के लिए कांग्रेस राज नहीं,ना-राज है। फिर भी दुश्मन को कमजोर न समझें। जातियों में नहीं बंटे। एक जुट होकर लड़े तो ऐतिहासिक जीत निश्चित है।
गहलोत सरकार झूठ बोलने में नम्बर वन।
पूर्व सीएम ने कहा कि सीएम गहलोत की सरकार हर क्षेत्र में फेल हैं। उनके नेतृत्व की सरकार में महिला अत्याचार,भ्रष्टाचार, मंहगाई,डीज़ल पेट्रोल की क़ीमतों,महँगी बिजली और पेपर लीक में प्रदेश नम्बर है।और तो और ये लोग झूँठे वादे करने में भी नम्बर वन है।
राजस्थान को 4 साल से नज़र लग गई।
पूर्व सीएम राजे ने कहा कि कांग्रेस राज में प्रदेश का विकास रुक गया है। पिछले 4 सालों से हमारे राजस्थान को जैसे कोई नज़र लग गई है। किसान पछता रहें हैं।जहां हमारी लड़ाई अपराध,अत्याचार,अन्याय और आतंक से होनी चाहिए,वहाँ यह सरकार अपने आपको बचाने के लिए अपनों से लड़ाई लड़ रही है।
विधायक और मंत्री सीएम बनने की दौड़ में।
पूर्व सीएम राजे ने कहा कि एक ओर हमारा प्रदेश विकास की दौड़ में पिछड़ रहा है,वहीं दूसरी तरफ़ कांग्रेस सरकार के मंत्री और विधायक मुख्यमंत्री बनने के लिए दौड़ में है।अपनी नाकामियाँ का सारा ठीकरा उस मोदी सरकार पर फोड़ रही है, जिसने देश में विकास के नए कीर्तिमान स्थापित किए,जिनकी चर्चा देश में ही नही पूरी दुनिया में है।
बिजली मुफ़्त नहीं।
पूर्व सीएम राजे ने कहा कि कहने को तो गहलोत जी ने 50 यूनिट बिजली मुफ़्त कर दी लेकिन बिजली के बिल हमारे समय के बिलों से डेढ़ गुना कर दिए।वादा किया था 2023 तक सभी लम्बित कृषि कनेक्शन कर देंगे पर 4 लाख में से मुश्किल से 20,000 हज़ार भी नहीं दे पाए।कृषि बिजली हम 7 घंटे देते थे,ये 3 घंटे।गाँवों में भी घरेलू बिजली हम 22 घंटे देते थे,ये 8 घंटे।कार्यक्रम में पूर्व सांसद राम सिंह कस्वा,सांसद दुष्यंत सिंह,पूर्व मंत्री ख़ेमा राम मेघवाल और ज़िला प्रमुख वंदना मौजूद रहे।

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