पत्रकारों की मुहिम लाई रंग, टोल ठेका हुआ निरस्त, नई कम्पनी ने सम्भाली कमान।

जयपुर ब्यूरो रिपोर्ट।
एनएच 52 स्थित टाटियावास टोल टैक्स पर अब नकेल कस गई है। अब इस टोल टैक्स से गुजरने वाले लोगों के साथ न केवल टोलकर्मियों का अच्छा व्यवहार करेंगे साथ ही उन्हें ज्यादा देर तक लाइन में खड़ा भी नहीं होने पड़ेगा। बार-बार टोल टैक्स पर वाहन चालको के साथ अभद्रता, मारपीट एवं महिलाओं के साथ छेड़छाड़ की हो रही घटनाओं के बाद राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण सकते में आ गया।टाटियावास टोल टैक्स पूर्व पर जिस व्यक्ति को पूर्व में टोल का ठेका दिया गया था उसे अब लगातार मिल रही शिकायतों के बाद निरस्त कर दिया गया है। रिद्धी—सिद्धी एसोसिएट के पास टोल चलाने का ठेका है। उन्होंने किसी एक निजी व्यक्ति को टोल चलाने का ठेका दे दिया। इस निजी व्यक्ति की ओर से टोल लगाए गए टोलकर्मियों की ओर से टोल देने की बात या अन्य बातों पर आए दिन किसी न किसी वाहन चालक से अभद्रता करना यहां आम बात हो गई थी। पिछले दिनों पत्रकार दम्पति कन्हैयालाल कुमावत व उनकी पत्नी कांता कुमावत के साथ टोलकर्मियों की ओर से धारदार हथियार से अंगुली काटना, मारपीट और छेड़छाड़ की घटना को अंजाम दिया गया था। इसके कुछ दिनों बाद ही खाटूश्यामजी जाने वाले जत्थे के साथ टोलकर्मियों ने झगड़ा कर लिया। झगड़ा इस कदर बढ़ गया कि जत्थे में आई महिलाएं टोल टैक्स पर ही धरने पर बैठ गई, जिन्हें बाद में बड़ी मुश्किलों के बाद समझाइश कर हटाया गया। टोल पर पत्रकार दम्पति के साथ हुई घटना के बाद प्रेस क्लब संस्था चौमूं, पत्रकार अधिकार मोर्चा व अन्य पत्रकार संगठनों ने कड़ी प्रतिक्रिया दी थी। प्रेस क्लब संस्था चौमूं के अध्यक्ष जितेन्द्र रांगेय ने बताया कि मामले को लेकर ट्विटर, फेसबुक, वाट्सऐप व अन्य सोशल मीडिया प्लेटफार्म के माध्यम से न्याय के लिए कैम्पेन चलाया जा गया। पत्रकारों ने पीएमओ, प्रधामंत्री नरेन्द्र मोदी, केंद्रीय सड़क परिवहन और राजमार्ग मंत्री नितिन गडकरी आदि से मांग की है की थी कि वे मामले एक्शन ले और कम्पनी के ठेके को तुरन्त निरस्त करके कम्पनी को हमेशा के लिए बैन कर दें। इस पर कार्रवाई करते हुए एनएचआई की ओर से रिद्धी सिद्धी एसोसिएट पर दबाव बनाया गया और रिद्धी सिद्धी एसोसिएट की ओर से निजी व्यक्ति को दिया गया ठेका निरस्त कर दिया। अब सोमवार से टोल की कमान महादेव प्रोजेक्ट को दे दी गई है। टाटियावास टोल प्लाजा के वर्तमान संचालक पिंकू सिंह शेखावत ने बताया कि टोल प्लाजा पर अब वाहन चालकों के साथ किसी प्रकार की अभद्रता नहीं होगी और न ही वाहन चालकों को असुविधा होगी।
यूं चला घटनाक्रम।
3 जनवरी को पत्रकार दम्पति कन्हैयालाल कुमावत व उनकी पत्नी कांता साथ टोलकर्मियों की ओर से धारदार हथियार से अंगुली काटना, मारपीट और छेड़छाड़ की घटना के बाद चौमूं पुलिस थाने में एफआईआर दर्ज की गई। दर्जनों की संख्या में पत्रकार एवं स्थानीय लोग पुलिस थाना चौमूं में एकत्र हुए और रोष व्यक्त किया। पुलिस ने शांतिभंग के आरोप में एक टोलकर्मी मुडिक बसेड़ी धोलपुर निवासी टोलकर्मी अनूप शर्मा को हिरासत में लिया गया। दी बार एसोसिएशन चौमूं ने भी पत्रकारों का समर्थन करते हुए किसी भी अधिवक्ता की ओर से टोलकर्मी की परैवी न करने का आश्वासन दिया गया। 4 जनवरी को पीड़ित महिला कांता कुमावत के मजिस्ट्रेट के समक्ष बयान हुए। पुलिस ने मुडिक बसेड़ी धोलपुर निवासी टोलकर्मी अनूप शर्मा को देर शाम को जमानत पर रिहा कर दिया। 5 जनवरी को पुलिस ने पूरे पन्द्रह मिनट के फुटेजों को देखा। जनप्रनिधियों से लेकर आमजन ने पीड़ित पत्रकार दम्पति की कुशलक्षेम पूछी। 6 जनवरी को पुलिस ने अन्य फुटेज भी जुटाने शुरू किए। पीड़ित पत्रकार कन्हैयालाल कुमावत व उनकी पत्नी कांता कुमावत से मिलने पत्रकार अधिकार मोर्चा के राष्ट्रीय अध्यक्ष अमित दाधीच, राष्ट्रीय महासचिव शिव शंकर, राष्ट्रीय कोषाध्यक्ष पूजा शर्मा, प्रदेशाध्यक्ष पवन शर्मा, प्रदेश महासचिव कमल अग्रवाल, प्रदेश कोषाध्यक्ष रेखा गौड़, प्रदेश संगठन मंत्री दिनेश सैनी, प्रदेश उपाध्यक्ष गोविन्द गोपाल सिंह व दीपेन्द्र सिंह नरुका एवं कार्यकारिणी सदस्य घनश्याम मिश्रा व कपूरचन्द बैरवा आदि पदाधिकारी पहुंचे। 9 जनवरी को खाटूश्यामजी जाने वाले जत्थे के साथ टोलकर्मियों ने झगड़ा कर लिया। झगड़ा इस कदर बढ़ गया कि जत्थे में आई महिलाएं टोल टैक्स पर ही धरने पर बैठ गई, जिन्हें बाद में बड़ी मुश्किलों के बाद समझाइश कर हटाया गया।
ये है मामला।
एनएच 52 स्थित टाटियांवास टोल प्लाजा तैनात कर्मचारियों ने पत्रकार कन्हैयालाल कुमावत व उसकी पत्नी कांता कुमावत के साथ मारपीट कर महिला की धारदार हथियार से अंगुलियां काटी दी गई थी।टोलकर्मियों ने महिला के साथ छेड़छाड़ व अभद्रता भी की। जब पत्रकार ने इसका विरोध किया तो 10—15 टोलकर्मियों ने उसकी भी धुलाई कर दी। इस मामले को लेकर बदनपुरा चौक चौमूं निवासी पत्रकार कन्हैयालाल कुमावत ने चौमूं थाने में मामला दर्ज करवाया था।
महादेव प्रोजेक्ट के हाथ कमान
महादेव प्रोजेक्ट प्रबंधक दीपक वर्मा ने बताया कि टोल की कमान अब महादेव प्रोजेक्ट ने सम्भाल ली है। इस बात की विशेष ध्यान रखा जाएगा कि किसी भी वाहन चालक के साथ अभद्रता टोलकर्मी की ओर से न हो।महादेव प्रोजेक्ट के सहायक प्रबंधक अजय व्यास व राहुल सिंह ने बताया कि कम्पनी को पिछले कई वर्षों से टोल चलाने का अनुभव है, जिसके चलते वह किसी भी प्रकार की असुविधा नहीं होने देंगे टोल प्रबंधन के द्वारा यह कोशिश रहेगी कि वाहन चालकों को असुविधा नहीं हो वह उनकी राह सुगम हो, किसी भी प्रकार की उनके साथ कोई अभद्रता नहीं की जाएगी।
पुलिस की ओर से सभी टोलकर्मी का होगा वेरिफिकेशन।
एसीपी चौमूं राजेन्द्र सिंह निवार्ण ने बताया कि अब नई कम्पनी की ओर से टोल की कमान अपने हाथ में ले ली गई है। पुलिस की ओर से सभी टोलकर्मी का पुलिस वेरिफिकेशन किया जाएगा।

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